CG Cyber Jagruti Abhiyan: छत्तीसगढ़ पुलिस का 7 सप्ताह का साइबर जागरूकता अभियान शुरू, 300 लोगों को किया जागरूक
छत्तीसगढ़ पुलिस का साइबर जागृति अभियान 15 अगस्त से 2 अक्टूबर तक चलेगा। रायपुर ग्रामीण पुलिस ने मंदिर हसौद के सेंध लेक में 300 लोगों को साइबर ठगी से बचाव की जानकारी दी।
रायपुर, 15 अगस्त 2026। साइबर अपराधों के बढ़ते मामलों के बीच छत्तीसगढ़ पुलिस ने प्रदेशवासियों को डिजिटल ठगी से बचाने के उद्देश्य से “साइबर जागृति अभियान” शुरू किया है। यह प्रदेशव्यापी अभियान 15 अगस्त से 02 अक्टूबर 2026 तक सात सप्ताह तक चलाया जाएगा। अभियान के तहत आम नागरिकों को साइबर अपराध के विभिन्न तरीकों, बचाव के उपायों और ठगी होने पर तत्काल उठाए जाने वाले कदमों की जानकारी दी जा रही है।
इसी क्रम में रायपुर पुलिस ग्रामीण की टीम ने थाना मंदिर हसौद क्षेत्र अंतर्गत सेंध लेक के पास साइबर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया। कार्यक्रम का आयोजन पुलिस अधीक्षक रायपुर ग्रामीण श्रीमती श्वेता श्रीवास्तव सिन्हा के निर्देशन में किया गया।
नागरिकों को साइबर ठगी के नए तरीकों से किया गया सावधान
जागरूकता कार्यक्रम के दौरान पुलिस टीम ने मौजूद नागरिकों को वर्तमान समय में सामने आ रहे विभिन्न साइबर अपराधों के बारे में विस्तार से जानकारी दी। पुलिस ने नागरिकों को समझाया कि साइबर ठग लगातार नए तरीकों का इस्तेमाल कर लोगों को अपने जाल में फंसा रहे हैं, इसलिए ऑनलाइन लेन-देन के दौरान सतर्कता बेहद जरूरी है।
पुलिस टीम ने विशेष रूप से इन साइबर अपराधों के प्रति लोगों को जागरूक किया—
- ऑनलाइन ठगी
- फर्जी कस्टमर केयर के नाम पर फ्रॉड
- पुलिस अधिकारी बनकर ठगी
- डिजिटल अरेस्ट
- KYC अपडेट के नाम पर ठगी
- फर्जी लिंक और QR Code
- सोशल मीडिया फ्रॉड
- OTP फ्रॉड
- बैंकिंग फ्रॉड
- निवेश के नाम पर साइबर ठगी
साइबर ठगी होने पर तुरंत करें शिकायत
पुलिस ने नागरिकों से अपील की कि किसी भी प्रकार की साइबर ठगी होने पर घबराने के बजाय तुरंत संबंधित बैंक और पुलिस को सूचना दें। साथ ही साइबर अपराध की शिकायत के लिए साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर तत्काल संपर्क करने की जानकारी दी गई।
पुलिस ने लोगों को सलाह दी कि किसी अनजान व्यक्ति के साथ OTP, बैंकिंग पासवर्ड, PIN अथवा अन्य संवेदनशील जानकारी साझा न करें और संदिग्ध लिंक या QR Code को बिना जांचे स्कैन न करें।
सेल्फी फ्रेम और QR Code के जरिए जागरूकता का संदेश
अभियान को जनभागीदारी से जोड़ने के लिए कार्यक्रम स्थल पर साइबर जागरूकता संबंधी स्टैंडी और सेल्फी फ्रेम लगाए गए। सेल्फी फ्रेम में दिए गए लिंक अथवा QR Code को स्कैन कर जागरूकता संदेश के साथ सेल्फी लेने और उसे सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर साझा करने के लिए आम नागरिकों को प्रोत्साहित किया गया।
इस पहल का उद्देश्य साइबर सुरक्षा के संदेश को अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचाना और नागरिकों को अभियान का सक्रिय हिस्सा बनाना है।
करीब 300 लोगों ने लिया अभियान में हिस्सा
कार्यक्रम में बड़ी संख्या में आम नागरिक शामिल हुए। करीब 300 लोगों ने साइबर अपराधों से बचाव संबंधी जानकारी प्राप्त की और इसे उपयोगी बताया। इस दौरान लोगों ने अपने परिवार, मित्रों और आसपास के लोगों को भी साइबर सुरक्षा के प्रति जागरूक करने का संकल्प लिया।
02 अक्टूबर तक चलेगा साइबर जागृति अभियान
छत्तीसगढ़ पुलिस का यह सात सप्ताह का प्रदेशव्यापी अभियान 15 अगस्त से 02 अक्टूबर 2026 तक जारी रहेगा। अभियान के माध्यम से अलग-अलग स्थानों पर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित कर नागरिकों को साइबर अपराधों से बचाव के लिए आवश्यक सावधानियों की जानकारी दी जाएगी।
पुलिस ने आमजन से अपील की है कि “साइबर अपराध के प्रति स्वयं जागरूक रहें और दूसरों को भी जागरूक करें।” डिजिटल सुविधाओं का इस्तेमाल करते समय सावधानी बरतें और किसी भी संदिग्ध ऑनलाइन गतिविधि या साइबर ठगी की स्थिति में तत्काल संबंधित बैंक और पुलिस को सूचना दें।
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